चौराहा चलाइए, मुक़दमा सुलझाइए, बाढ़ से निपटिए, वोट डालिए
शुरुआत
नियम कौन बनाता है, और क्यों? उनका पालन कौन करवाता है? इस अध्याय में शासन, सरकार और लोकतंत्र को ख़ुद चलाकर समझिए।

“राजानां धर्मगोप्तारं धर्मो रक्षति रक्षितः — शासक धर्म की रक्षा करता है, और जो धर्म की रक्षा करते हैं, धर्म उनकी रक्षा करता है।”
“न्याय के बिना शांति नहीं; समानता के बिना न्याय नहीं; विकास के बिना समानता नहीं; संस्कृति और लोगों की पहचान और सम्मान के बिना लोकतंत्र नहीं।”
अध्याय इन तीन प्रश्नों का उत्तर देता है (पृ. 149)
- "शासन" का अर्थ क्या है?
- हमें सरकार की आवश्यकता क्यों होती है?
- "लोकतंत्र" का अर्थ क्या है? यह क्यों महत्वपूर्ण है?
इस अध्याय के रिवीजन नोट्स अभी तैयार हो रहे हैं; तब तक यह पन्ना सीधे पाठ्यपुस्तक से बना है। आपकी प्रगति सिर्फ़ इसी ब्राउज़र में रहती है। कहीं भेजी नहीं जाती।
1नियम क्यों?
जब बहुत से लोग साथ रहते हैं, तो असहमति और अव्यवस्था हो सकती है; व्यवस्था और सद्भाव के लिए नियम अनिवार्य हो जाते हैं — घर में, विद्यालय में, परीक्षा में, सड़क पर, नौकरी में। कोई नियम न माने तो? पुस्तक का सीधा उत्तर: समाज अपनी व्यवस्था बनाए नहीं रख पाएगा (पृ. 150)।
नियम बदल भी सकते हैं (पृ. 150–151)
जैसे आप घर में किसी नियम पर माता-पिता से चर्चा करते हैं, या विद्यार्थी संघ नियम बदलने को कहता है — वैसे ही समाज के कानूनों और नियमों में नागरिक भी अपनी बात रख सकते हैं।
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1कुछ अधिक महत्वपूर्ण नियमों को क्या कहते हैं?
पृ. 150।
2नियम बनाने और पालन सुनिश्चित करने वाले समूह या तंत्र को क्या कहते हैं?
पृ. 150।
2सरकार के तीन अंग
तीस वर्ष पहले तक दूर किसी को पैसे भेजने के लिए डाकघर की पंक्ति में लगकर मनी ऑर्डर, या बैंक से डिमांड ड्राफ्ट बनवाना पड़ता था। आज डिजिटल साधन हैं — पर उनके साथ एक नए प्रकार के अपराधी भी आए, जो बैठे-बैठे लोगों का पैसा चुराते हैं। इसे साइबर क्राइम कहते हैं (पृ. 153)।
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1कानून कौन बनाता है?
पृ. 153।
2साइबर पुलिस किस अंग का हिस्सा है?
पृ. 154: कानून लागू करवाने वाली एजेंसी।
3शक्तियों का पृथक्करण
सुशासन में तीनों अंग अलग रखे जाते हैं, जबकि वे एक-दूसरे को प्रभावित करते और साथ काम करते हैं। इसे "शक्तियों का पृथक्करण" कहते हैं। उद्देश्य: नियंत्रण और संतुलन — हर अंग दूसरे के कामों पर नज़र रख सकता है, और कोई अंग अपनी भूमिका से आगे जाए तो उसे रोककर संतुलन लौटा सकता है (पृ. 154)।
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1शक्तियों के पृथक्करण का उद्देश्य क्या है?
पृ. 154।
2क्या न्यायपालिका जाँच सकती है कि विधायिका का कानून सबके हित में है?
पृ. 154।
4सरकार के तीन स्तर
भारत सहित अनेक देशों में सरकार तीन स्तरों पर काम करती है — स्थानीय, राज्य (या प्रादेशिक), और राष्ट्रीय। हर स्तर अलग विषयों पर काम करता है (पृ. 155)।
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1भारत में सरकार के कितने स्तर हैं?
पृ. 155: स्थानीय, राज्य, केंद्र।
2भयानक बाढ़ में राहत सामग्री और सेना भेजकर कौन मदद कर सकती है?
पृ. 156।
5केंद्र और राज्य
चित्र 10.5 (पृ. 157) केंद्र और राज्य स्तर पर तीनों अंगों की रूपरेखा देता है। विस्तार कक्षा 7 में; स्थानीय सरकार अगले दो अध्यायों में।
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1केंद्र में कार्यपालिका का प्रमुख कौन है?
पृ. 157: राष्ट्रपति औपचारिक प्रमुख; प्रधानमंत्री कार्यपालिका प्रमुख।
2राज्य स्तर पर न्यायपालिका में क्या है?
पृ. 157।
6डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम
1931 में रामेश्वरम (तमिलनाडु) के एक सामान्य परिवार में जन्मे डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम प्रसिद्ध वैज्ञानिक थे — अंतरिक्ष कार्यक्रम, मिसाइल कार्यक्रम और परमाणु क्षमताओं में भूमिका के कारण "मिसाइल मैन" कहलाए। 2002 से 2007 तक वे भारत के 11वें राष्ट्रपति रहे। पद औपचारिक था, फिर भी उन्होंने दिखाया कि उस पद से भी असंख्य जीवनों पर असर डाला जा सकता है (पृ. 158)।
"स्वप्न का अर्थ सोते समय स्वप्न देखना नहीं है, बल्कि स्वप्न वे हैं जो आपको सोने न दें।"
"यदि चार बातों का ध्यान रखें — बड़ा लक्ष्य रखना, ज्ञान हासिल करना, कठिन परिश्रम करना और सतत प्रयास करना, तो कुछ भी प्राप्त किया जा सकता है।"
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1डॉ. कलाम भारत के कौन-से राष्ट्रपति थे?
पृ. 158: 2002–2007।
2डॉ. कलाम का जन्म कहाँ हुआ?
पृ. 158।
7लोकतंत्र
राज्य और देश में यही सिद्धांत (पृ. 159)
चुनावों में जनता वोट देकर प्रतिनिधि चुनती है — राज्य में विधायक, राष्ट्रीय स्तर पर सांसद। वे सभाओं में कानूनों, समस्याओं और समाधानों पर चर्चा करते हैं, और मतभेद हो तो संवाद और तर्क-वितर्क से हल खोजते हैं।
97 करोड़लगभग इतने मतदाता, 2024 में — विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र (पृ. 160)
भारत में कानून के अनुसार 18 वर्ष से ऊपर की आयु के सभी भारतीय नागरिकों को मतदान का अधिकार है (पृ. 160)।
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1"डेमोस" का अर्थ क्या है?
पृ. 159।
2पूरी कक्षा का हाथ उठाकर पिकनिक का स्थान चुनना कैसा लोकतंत्र है?
पृ. 160।
8सार और अभ्यास
पुस्तक का अपना सार — "आगे बढ़ने से पहले…" (पृ. 160)
पहले खुद याद कीजिए, फिर कार्ड पलटिए।
परियोजना (प्र. 4, पृ. 161)
कोविड महामारी के दौरान लगा लॉकडाउन याद कीजिए। उस समय उठाए गए क़दमों की सूची बनाइए। सरकार के कौन-से स्तर शामिल थे, और हर अंग की क्या भूमिका थी?
आख़िरी जाँच✓ पड़ाव पूरा
1राज्य स्तर पर चुने गए प्रतिनिधि को क्या कहते हैं?
पृ. 159।
22024 में भारत में लगभग कितने मतदाता थे?
पृ. 160।
3"आधारभूत लोकतंत्र" किसकी भागीदारी पर ज़ोर देता है?
पृ. 160।
आठों पड़ाव पूरे! अगले अध्याय में देखेंगे — स्थानीय सरकार, यानी पिरामिड का आधार, कैसे काम करती है।