अध्याय 14हमारे आस-पास की आर्थिक गतिविधियाँ

रिवीजन नोट्स15 मिनटस्रोत जाँचे गए

कक्षा 6 · सामाजिक विज्ञान · NCERT समाज का अध्ययन : भारत और उसके आगे, पृ. 195–208 यह फ़ाइल परीक्षा से एक दिन पहले पढ़ने के लिए है। हर बात पुस्तक से है।


सबसे पहले — यह एक तालिका याद कर लीजिए★★

क्षेत्रकक्रियापुस्तक की परिभाषा
प्राथमिकनिकालनालोग प्रत्यक्ष रूप से प्रकृति पर निर्भर रहते हैं
द्वितीयकबदलनाप्राथमिक की वस्तुओं को रूपांतरित करके अन्य वस्तु बनाना
तृतीयकपहुँचानादोनों में सम्मिलित लोगों को सहायता प्रदान करना

★★★तीन शब्दों में पूरा अध्याय — निकालना → बदलना → पहुँचाना

★और इस अध्याय का ढाँचा: अध्याय 13 ने बाँटा — आर्थिक + गैर-आर्थिक। यह अध्याय बाँटता है — आर्थिक = प्राथमिक + द्वितीयक

  • तृतीयक।

पृष्ठ 197 का चित्र — सबसे अधिक परीक्षा में आने वाली तालिका★★★

प्राथमिक क्षेत्रकद्वितीयक क्षेत्रकतृतीयक क्षेत्रक
कृषिनिर्माणस्वास्थ्य देखभाल
खननविनिर्माणव्यापार और उपयोगी सामग्री
मछली पकड़नाजल-आपूर्तिसंचार
कुक्कुट पालनसौर ऊर्जाबैंकिंग
वानिकीविद्युत उत्पादनपरिवहन

!! दो चौंकाने वाली प्रविष्टियाँ — इन्हीं पर प्रश्न बनते हैं

(1) ‘सौर ऊर्जा’ द्वितीयक में क्यों? क्योंकि हम सूरज नहीं बेचते — हम उसे बिजली में बदलकर बेचते हैं। और ‘बदलना’ ही द्वितीयक है।

(2) खनन बनाम विद्युत उत्पादन —

कोयला निकालनाकोयले से बिजली बनाना
प्राथमिकद्वितीयक

एक ही कोयला, दो अलग क्षेत्रक — क्योंकि क्रिया अलग है।

1. आवरण पृष्ठ (पृ. 195)

“आर्थिक गतिविधि से ही समृद्धि आती है, इसका अभाव भौतिक तनाव देता है। सार्थक आर्थिक गतिविधि का अभाव वर्तमान समृद्धि और भावी प्रगति में बाधक होता है।” — कौटिल्य (अर्थशास्त्र)

★यह वही ‘अर्थशास्त्र’ है जिससे अध्याय 11 में संग्रहण, करवाटिका, द्रोणमुख और स्थानीय लिए गए थे।

अध्याय के तीन महत्वपूर्ण प्रश्न:

  1. आर्थिक गतिविधियों को किस प्रकार वर्गीकृत किया जाता है?
  2. विभिन्न आर्थिक गतिविधियों को क्षेत्रकों में समूहबद्ध करने का क्या आधार है?
  3. यह तीन क्षेत्रक आपस में किस प्रकार संबंधित हैं?

हाशिये की परिभाषा: मौद्रिक मूल्य — “किसी वस्तु का मूल्य जिसे मुद्रा के मूल्य के रूप में मापा जा सकता है।”

2. पहले और आज (पृ. 196)

पहले के समय मेंआज
कृषि · पशुपालन · औजारों का निर्माण · मिट्टी के बर्तन बनाना · कपड़े बुननाकंप्यूटर, मोबाइल फोन और ड्रोन का निर्माण · बैंक, विद्यालय और होटल में कार्य · वाहन चलाना · फर्नीचर · मशीन से कपड़े सिलना · सॉफ्टवेयर · रेफ्रिजरेटर और वॉशिंग मशीन की मरम्मत

★पुस्तक का कारण: “जैसे-जैसे समाज में प्रगति हुई, उन आर्थिक गतिविधियों में भी वृद्धि हुई जिनके माध्यम से लोग अपनी आजीविका चलाते हैं।”

★★और वर्गीकरण क्यों — यह वाक्य याद रखिए

“इन सभी गतिविधियों के वर्गीकरण से हमें यह समझने में सहायता मिलती है कि ये कैसे कार्य करती हैं और इनके मध्य क्या संबंध है।” यानी: हम बाँट इसलिए रहे हैं ताकि जोड़ सकें।

हाशिये की परिभाषा: आर्थिक क्षेत्रक — “व्यापक समूह, जिनमें ऐसी विभिन्न गतिविधियाँ सम्मिलित होती हैं जिनसे एक राष्ट्र की आर्थिक समृद्धि में सहायता मिलती है।”

3. प्राथमिक क्षेत्रक (पृ. 196, 198)★★

पाठ की परिभाषा: “जिन आर्थिक गतिविधियों में लोग प्रत्यक्ष रूप से वस्तुओं के उत्पादन के लिए प्रकृति पर निर्भर रहते हैं…”

पाद-टिप्पणी की परिभाषा: “उन गतिविधियों का समूह, जिसमें प्रकृति से सीधे कच्चे माल का निष्कर्षण शामिल होता है, जैसे — कृषि, मत्स्य पालन, वानिकी आदि।”

★मुख्य शब्द — निष्कर्षण, यानी निकालना

पुस्तक के पाँच उदाहरण (पृ. 196):

  1. कृषि क्षेत्र में अन्न और सब्जियों की खेती
  2. जंगलों से लकड़ी एकत्रित करना
  3. खदानों से कोयला निकालना
  4. मत्स्य पालन से मछलियाँ
  5. कुक्कुट पालन फार्म से अंडे प्राप्त करना

और पृष्ठ 198 की सूची: कृषि · खनन · मछली पकड़ना · पशु पालन · वानिकी

★दो नए शब्द: वानिकी = जंगलों से जुड़ा काम · मात्स्यिकी = मछली पालने और पकड़ने का काम

चित्र-कैप्शन (पृ. 198): ग्रीनहाउस कृषि · खनन · मत्स्य पालन (मात्स्यिकी) · वानिकी · पशु पालन

4. द्वितीयक क्षेत्रक (पृ. 199)★★

परिभाषा: “ऐसी आर्थिक गतिविधियाँ जिनमें लोग प्राथमिक क्षेत्रक पर आधारित वस्तुओं को रूपांतरित करके अन्य वस्तु का उत्पादन करते हैं…”

हाशिये की परिभाषा: ”…प्राथमिक क्षेत्रक से प्राप्त कच्ची सामग्रियों के प्रसंस्करण द्वारा इसे बिक्री या उपभोग हेतु उत्पादों में परिवर्तित करना सम्मिलित है।”

इसमें तीन अलग चीज़ें हैं — और यही सबसे बड़ा जाल हैध्यान

#पुस्तक के शब्दों में
1भवनों, सड़कों आदि का निर्माण
2पानी, बिजली, गैस जैसी आवश्यक वस्तुओं को प्रदान करना
3उद्योगों तथा उत्पादन इकाइयों में उत्पादों का विनिर्माण

★पुस्तक ‘भी’ लिखती है — “इसमें … विनिर्माण भी सम्मिलित है” — यानी कारखाना इसका एक हिस्सा है, पूरा नहीं।

रूपांतरण की जोड़ियाँ — सबसे अधिक अंक यहीं से★★

प्राथमिक से मिला→ द्वितीयक में बना
कृषि से अनाजमिलों में आटा
मूंगफलीतेल
चाय की पत्तियाँचाय
जंगल से लकड़ीफर्नीचर और कागज
कपासकपड़े
लौह अयस्कइस्पात → और उससे कार, ट्रक इत्यादि मोटर वाहन

★अंतिम पंक्ति में दो चरण हैं — यानी द्वितीयक के भीतर भी कई चरण होते हैं।

मोटर वाहन की तालिका(पृ. 200) — भारत में2022 के दौरान उत्पादित इकाइयाँ★

प्रकारसंख्या
यात्री वाहन जैसे — कारें45 लाख
वाणिज्यिक वाहन जैसे — ट्रक10.3 लाख
तिपहिया वाहन8.6 लाख
★दोपहिया वाहन2 करोड़ — सबसे अधिक

स्रोत: सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैनुफैक्चरर्स

! पुस्तक ‘उत्पादित’ लिखती है, ‘बेची गई’ नहीं।

5. तृतीयक क्षेत्रक (पृ. 200–201)★★

परिभाषा: “वे सभी आर्थिक गतिविधियाँ, जो प्राथमिक और द्वितीयक गतिविधियों में सम्मिलित लोगों को सहायता प्रदान करती हैं…”

★★और पहचान की कुंजी

“इनमें ऐसी सेवाएँ सम्मिलित हैं, जिन्हें देखा नहीं जा सकता लेकिन यह महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।”

★एक वाक्य में: “प्राथमिक और द्वितीयक में सामान बनता है। तृतीयक में सेवा होती है — और सेवा दिखती नहीं।”

हाशिये की परिभाषा: ”…प्राथमिक तथा द्वितीयक क्षेत्रकों के संपूरक के रूप में इन्हें सहायता प्रदान करने वाली सेवाओं का प्रावधान है, जैसे — परिवहन, बैंकिंग, व्यवसाय प्रबंधन आदि।”

पुस्तक के उदाहरण:

  • ट्रक चालक — “अनाज और सब्जियों को खेत से उद्योग या बाजार में ले जाता है”
  • फल या सब्जियों के विक्रेता
  • चिकित्सक, नर्स, शिक्षक, अधिवक्ता और विमान चालक
  • तकनीशियन (मोबाइल फोन, टेलीविजन) · मैकेनिक (कार, ट्रैक्टर) · बिजली मिस्त्री
  • संचार सेवाएँ · सॉफ्टवेयर · होटल, रेस्तरां, बैंक, विद्यालय, चिकित्सालय, हवाई अड्डे, दुकानें, गोदाम

★★और वह नाम — “इस क्षेत्रक को सेवा क्षेत्रक भी कहते हैं।”

हाशिये की परिभाषा: गोदाम (वेयरहाउस) — “विशाल इमारतें जिसमें उत्पादों को बेचने, उपयोग करने या दुकानों में किराए पर देने से पहले रखा जाता है।”

! ‘सॉफ्टवेयर तैयार करना’ तृतीयक है — क्योंकि उसमें कोई कच्चा माल रूपांतरित नहीं होता।

6. अमूल की कहानी (पृ. 202–204)★

पहले और अब

आज1940 के आरंभ में
किसान आस-पास की डेयरी में दूध बेचते हैंआस-पास के गाँवों में, साइकिल से या पैदल
माह के अंत में गुणवत्ता और तौल के आधार पर भुगतानकठिन परिश्रम के बाद भी बेहद कम आमदनी
दूध जल्दी खराब या फट जाता था
बिचौलिए पर निर्भरता; कई बार ठगा या उत्पीड़ित अनुभव

★पुस्तक का वाक्य: “हालाँकि 50 साल पहले ऐसी स्थिति नहीं थी।”

हाशिये की परिभाषाएँ:

  • डेयरी — “एक ऐसा स्थान जहाँ दूध को एकत्रित तथा उसका भंडारण किया जाता है।”
  • बिचौलिए — “व्यक्ति, जो उत्पादकों से सामान खरीदते हैं और उपभोक्ताओं को बेचते हैं। बिचौलिए इस सेवा के लिए शुल्क लेते हैं।”

!! ध्यान दीजिए — पुस्तक बिचौलियों को ‘बुरा’ नहीं कहती

वह कहती है कि वे एक सेवा देते हैं और उसके लिए शुल्क लेते हैं — यानी वह भी एक तृतीयक गतिविधि है। समस्या यह थी कि किसान के पास कोई विकल्प नहीं था।

सहकारी संगठन★★

सरदार वल्लभ भाई पटेल का परामर्श: “स्वेच्छा से कार्य करने और बिचौलियों पर निर्भरता को रोकने के लिए एक सहकारी संगठन बनाने का परामर्श दिया।”

परिभाषा — चार भागों में:

पुस्तक के शब्दों में
कैसेस्वेच्छा से एक साथ आकर
किस रूप मेंऔपचारिक तरीके से
किसलिएआर्थिक तथा सामाजिक आवश्यकताओं को पूरा करने
★स्वामी कौनसभी सदस्य — और निर्णय सामूहिक रूप से

अमूल की स्थापना: “1946 में श्री त्रिभुवन दास पटेल (अधिवक्ता और स्वतंत्रता सेनानी) तथा डॉ. वर्गीज कुरियन (एक इंजीनियर) के नेतृत्व में।”

परिणाम: “इस प्रयास ने किसानों, विशेषकर महिलाओं को एकजुट किया… सभी की आमदनी बढ़ी… उन्हें अब बिचौलियों की जरूरत नहीं थी और वे एक बड़ा परिवार बन गए।”

हाशिये की परिभाषाएँ:

  • पाश्चुरीकरण — दूध को एक निश्चित तापमान तक गर्म करना, ताकि हानिकारक बैक्टीरिया नष्ट होकर उसे संरक्षित किया जा सके
  • कारखाना — भवन या भवनों का समूह, जहाँ वस्तुओं का निर्माण या घटकों को मिलाकर अंतिम उत्पाद तैयार किया जाता है
  • खुदरा — माल की बिक्री थोड़ी मात्रा में अंतिम उपभोगकर्ताओं तक, जिसका उद्देश्य पुनर्विक्रय नहीं है
  • निर्यात — किसी एक देश में उत्पादित वस्तुएँ और सेवाएँ, जो किसी अन्य देश के क्रेताओं या उपभोक्ताओं को बेची जाती हैं

7. एक ही दूध — तीन क्षेत्रक (पृ. 204)★★★

चरणपुस्तक का कारणक्षेत्रक
गाय का दूध दुहना“दुग्ध उत्पादन एक प्राकृतिक स्रोत (गाय या मवेशी) से प्रत्यक्ष रूप से प्राप्त”प्राथमिक
पाउडर, घी, पनीर, मक्खन बनाना“एक रूप (तरल) से अन्य खाद्य रूपों में परिवर्तित”द्वितीयक
ट्रक, लॉरी, रेल, वायुयान · खुदरा भंडार · विपणन“परिवहन, विपणन और खुदरा विक्रेता तृतीयक गतिविधि में सम्मिलित हैं”तृतीयक

★★यही ‘परस्पर निर्भरता’ है — एक ही दूध, तीन क्षेत्रक।

अन्य सहकारी दुग्ध संगठन(पृ. 204)★

संगठनराज्य
नंदिनीकर्नाटक
मदर डेयरीदिल्ली — राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र
आविनतमिलनाडु
विजयाआंध्र प्रदेश
केवीनागालैंड
सुधाबिहार
वरकापंजाब

8. चित्र 14.1 — आपकी अपनी पाठ्यपुस्तक (पृ. 205–206)★★

पुस्तक दिखाती है कि लुगदी (पेड़ के काष्ठीय रेशे) को कागज और फिर मुद्रण करके पाठ्यपुस्तक में कैसे बदला जाता है।

#चरणक्षेत्रक
1पेड़ काटनाप्राथमिक
2लट्ठे उठाना और ढेर लगानाप्राथमिक / तृतीयक
3–4ट्रक में लादना और ले जानातृतीयक
5कागज मिल में कागज बननाद्वितीयक
6गोदाम में रखनातृतीयक
7कागज पर मुद्रणद्वितीयक
8दुकान में बिकनातृतीयक

★ध्यान दीजिए — तृतीयक बीच में भी आया, अंत में भी। यानी क्रम हमेशा 1-2-3 नहीं होता।

★★★और पुस्तक का निष्कर्ष-वाक्य

“पेड़ों से लुगदी निकालने से लेकर अंतत: पाठ्यपुस्तकें तैयार करने तक की इस प्रक्रिया की कोई भी गतिविधि संभव नहीं होती, अगर यह तीनों क्षेत्रक एक साथ कार्य नहीं करते।”

कागज का पुनर्चक्रण(पृ. 206)★

आँकड़ामान
एक टन कागज के पुनर्चक्रण से बचे पेड़17
बची लैंडफिल जगह2.5 घन मीटर
ऊर्जा और पानी की बचत70 प्रतिशत

9. आगे बढ़ने से पहले… (पृ. 207)

#बिंदु
1हमने आर्थिक गतिविधियों के तीन क्षेत्रकों के बारे में सीखा
2तीनों की भिन्नता और उनकी परस्पर निर्भरता को समझने में सहायता मिली

★इस अध्याय में केवल दो बिंदु हैं — और उनमें दो शब्द हैं: भिन्नता और परस्पर निर्भरता।

अभ्यास-प्रश्न 3 का उत्तर — प्रवाह चित्र★★

★उदाहरण 1 — दूध: दूध दुहना (प्राथमिक) → पाउडर, घी, पनीर, मक्खन बनाना (द्वितीयक) → ट्रक, रेल, वायुयान और खुदरा दुकानें (तृतीयक)

★उदाहरण 2 — पाठ्यपुस्तक: पेड़ काटना (प्राथमिक) → ट्रक से मिल तक (तृतीयक) → कागज बनाना और मुद्रण (द्वितीयक) → गोदाम और दुकान (तृतीयक)

★दूसरा उदाहरण अधिक अच्छा है, क्योंकि उसमें तृतीयक दो बार आता है। और साथ में पुस्तक का निष्कर्ष-वाक्य लिखिए।

अंतिम पन्ना — नौ जाल, एक बार पढ़ लीजिएध्यान

#जालसही बात
1“द्वितीयक = केवल कारखाना”निर्माण और पानी/बिजली/गैस भी
2“सौर ऊर्जा प्राथमिक है”हम धूप नहीं, बिजली बेचते हैं
3“कोयला और बिजली एक ही क्षेत्रक में”कोयला निकालना प्राथमिक; बिजली बनाना द्वितीयक
4“सॉफ्टवेयर बनाना द्वितीयक है”तृतीयक — कोई कच्चा माल नहीं बदलता
5“एक चीज़ एक ही क्षेत्रक में”एक ही दूध तीनों से गुज़रता है
6“बिचौलिए बुरे लोग होते हैं”पुस्तक उन्हें सेवा देने वाला बताती है
7“अमूल एक कंपनी है”वह एक सहकारी संगठन है — किसान ही स्वामी हैं
8“तृतीयक कम महत्वपूर्ण है”उसके बिना बाकी दोनों चल ही नहीं सकते
9“मछली पकड़ना और मत्स्य पालन अलग क्षेत्रकों में”दोनों प्राथमिक हैं

याद रखने के लिए — पाँच वाक्य★

  1. “निकालना → बदलना → पहुँचाना।”
  2. “एक ही कोयला, दो अलग क्षेत्रक — क्योंकि क्रिया अलग है।”
  3. “तृतीयक में सेवा होती है, और सेवा दिखती नहीं।”
  4. “एक ही दूध — तीन क्षेत्रक।”
  5. “कोई भी गतिविधि संभव नहीं होती, अगर यह तीनों क्षेत्रक एक साथ कार्य नहीं करते।”